Case Overview
Supreme Court, CJI Surya Kant द्वारा अध्यक्षता में, बौद्ध संस्थान के अल्पसंख्यक कोटा के तहत पोस्ट‑ग्रेजुएट मेडिकल कोर्स में प्रवेश के विवाद में हस्तक्षेप किया। हरियाणा के दो General Category उम्मीदवारों ने बौद्ध धर्म में परिवर्तन का दावा किया और Subharti Medical College में सीटें मांगी। बेंच ने पहले उनके धर्मांतरण प्रमाणपत्रों की प्रामाणिकता की जांच का आदेश दिया था।
Key Developments
- याचिकाकर्ताओं के पिता ने CJI के भाई को फोन किया, कथित तौर पर अदालत के आदेश को प्रभावित करने के लिए।
- CJI ने सार्वजनिक रूप से सवाल उठाया कि पिता के खिलाफ अपमान कार्यवाही क्यों नहीं शुरू की जानी चाहिए, इस कार्य को डराने के रूप में लेबल किया।
- बेंच ने याचिकाकर्ताओं के धर्मांतरण को बौद्ध धर्म में वास्तविकता पर संदेह दोहराया, और अल्पसंख्यक कोटा के दुरुपयोग की संभावना को नोट किया।
- मामले को पुनः सूचीबद्ध किया गया, CJI ने हरियाणा में अधिकारियों को प्रभावित करने के प्रयासों को देखा।
Important Facts
• याचिकाकर्ता: Nikhil Kumar Punia और एक अन्य आवेदक, दोनों ऊपरी‑जाति Punia समुदाय के हैं।
• कानूनी उद्धरण: W.P.(C) 21/2026.
• Supreme Court ने जनवरी 2026 में धर्मांतरण प्रमाणपत्रों की प्रामाणिकता पर “गंभीर संदेह” व्यक्त किए, जो एक Sub‑Divisional Officer द्वारा जारी किए गए थे।
Exam Relevance
1. Judicial Independence and Contempt Powers: यह घटना अदालत की वह शक्ति उजागर करती है जो उसकी गरिमा को खतरे में डालने वाले कार्यों को दंडित करती है, जो Contempt of court का एक प्रमुख पहलू है।