अवलोकन
DRDO और IAF ने स्वदेशी RudraM‑II का फ्लाइट‑टेस्ट पूरा किया है। परीक्षण एक हवाई प्लेटफ़ॉर्म से अत्यधिक रिलीज़ शर्तों के तहत किए गए, ताकि सभी महत्वपूर्ण सबसिस्टम और उड़ान पैरामीटर की पुष्टि की जा सके।
मुख्य विकास
- मिसाइल को विमान से लॉन्च किया गया और यह निर्धारित पथ का अनुसरण किया।
- पूर्वनिर्धारित ज़मीनी लक्ष्य को सटीक रूप से मारते हुए, सटीकता की पुष्टि की।
- Integrated Test Range (ITR) से प्राप्त डेटा ने प्रदर्शन को मान्य किया।
- सफल परीक्षण स्वदेशी रक्षा प्रौद्योगिकी की परिपक्वता और Aatmanirbharta की दिशा में प्रगति को दर्शाता है।
महत्वपूर्ण तथ्य
मिसाइल को Research Centre Imarat (RCI) ने विकसित किया, जिसमें DRDL, HEMRL, ARDE और DcPPs का योगदान रहा। अतिरिक्त समर्थन Hindustan Aeronautics Limited (HAL), Regional Centre for Military Airworthiness (RCMA), Missile System Quality Assurance Agency (MSQAA) और अन्य रक्षा उद्योगों से मिला।
UPSC प्रासंगिकता
स्वदेशी मिसाइल कार्यक्रमों की प्रगति को समझना GS 1 (विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी) के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है क्योंकि यह भारत की क्षमता को प्रदर्शित करता है।