अवलोकन
LPAI ने अगले कुछ वर्षों में 74 अतिरिक्त लैंड पोर्ट प्रस्तावित किए हैं। यह कदम आर्थिक संबंधों को गहरा करने, लोगों की आवाज़ाही को आसान बनाने और भारत की 15,106.7 किमी लंबी भूमि सीमा पर रणनीतिक उपस्थिति को मजबूत करने का लक्ष्य रखता है।
मुख्य विकास
- चीन सीमा पर तीन नए पोर्ट: Namgia (HP), Gunji (UK) और Nathu La (SK)।
- पाकिस्तान सीमा पर छह नए पोर्ट: Teetwal, Adusa, Chakan‑Da‑Bagh (J&K), Attari और Hussainiwala (Punjab), Munabao (Rajasthan)।
- फेज‑I: 23 पोर्ट प्रस्तावित; 11 निर्माणाधीन; 15 पहले से कार्यरत।
- फेज‑II: 40 पोर्ट नियोजित – नेपाल के साथ 13, बांग्लादेश के साथ 12, भूटान के साथ 4, म्यांमार के साथ 2।
- वर्तमान लैंड पोर्ट व्यापार (2025‑26): कुल सीमा व्यापार ₹2,27,522 करोड़ में से ₹82,844 करोड़।
- भूमि सीमाओं के माध्यम से संभावित अनछुआ व्यापार: ₹4,44,167 करोड़।
महत्वपूर्ण तथ्य
पाकिस्तान पक्ष पर भारत का केवल कार्यरत लैंड पोर्ट Attari है। दो LoC सुविधा केंद्रों Salamabad (Uri) और Chakkan‑Da‑Bagh (Poonch) से व्यापार 2019 के पुलवामा हमले के बाद से निलंबित है।
Ministry of External Affairs ने India‑China व्यापार के लिए तीन बिंदु निर्धारित किए हैं: Lipulekh Pass (1992 से), Shipki La (1995 से) और Nathu La (2006 से)। सभी व्यापार 2020 में COVID‑19 महामारी के कारण बंद हो गया।
UPSC प्रासंगिकता
सीमा व्यापार के विस्तार को समझना GS‑III के व्यापार नीति, बुनियादी ढाँचा और क्षेत्रीय कनेक्टिविटी प्रश्नों के उत्तर देने में मदद करता है। Union Home Minister Amit Shah की लैंड‑बॉर्डर परियोजनाओं की देखरेख का भूमिका GS‑II के आंतरिक सुरक्षा विषयों से जुड़ी है।