25 अगस्त 2026 को बीजिंग में, National Security Adviser Ajit Doval और चीन के Foreign Minister Wang Yi ने India‑China सीमा मुद्दे पर Special Representatives (SRs) के बीच 25वीं बातचीत का आयोजन किया। रिपोर्टों में “early harvest” शब्द का उपयोग नहीं किया गया, लेकिन अगले दिन दोनों पक्षों ने “Eight Points of Outcomes and Consensus” जारी किया। बिंदु 3 ने Early and Substantial Harvest शब्द को पुनः प्रस्तुत किया और दो विशेषज्ञ समूहों को इसे आगे बढ़ाने का कार्य सौंपा।
मुख्य विकास
- Boundary delimitation और border management पर विशेषज्ञ समूह एक वर्ष की निष्क्रियता के बाद अपने कार्य‑संदर्भ निर्धारित करेंगे।
- “Eight Points” में नई हॉटलाइन, तीर्थयात्रा सुविधा, और सितंबर में सीमा‑पार नदियों पर बैठक शामिल है, लेकिन विवादास्पद Medog County project पर कोई टिप्पणी नहीं की गई।
- दोनों पक्षों ने “package” समझौते के प्रति प्रतिबद्धता को पुनः पुष्टि की, जो 2005 Agreement on Political Parameters and Guiding Principles को प्रतिबिंबित करता है, जबकि सटीक ढांचा अभी भी अनिर्णित है।
महत्वपूर्ण तथ्य
1. “Early and Substantial Harvest” शब्द को भारत ने 2019 में पहली बार प्रस्तुत किया था, जिससे Sikkim Sector को पूरे Middle Sector के साथ जोड़ा गया, उच्चतम‑वॉटरशेड सिद्धांत का उपयोग करते हुए।
2. चीन के पहले के प्रतिप्रस्ताव ने फसल को केवल Sikkim Sector और कुछ अनिर्विवादित Middle‑Sector क्षेत्रों तक सीमित किया, जिसे भारत ने अस्वीकार कर दिया।
3. 1890 की Anglo‑Chinese Convention, जो Sikkim सीमा का कानूनी आधार है, में विरोधाभासी धाराएँ हैं: एक में वॉटरशेड शिखर को सीमा के रूप में निर्धारित किया गया है, जबकि दूसरी में ...