India और Chile CEPA को 2026 के अंत से पहले साइन करने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। 26 अगस्त को Santiago में हुई वार्ताओं का नेतृत्व Commerce Secretary Rajesh Agrawal और Chile के Vice‑Minister Paula Estévez Weinstein ने किया।
मुख्य विकास
- दोनों पक्षों ने कैलेंडर वर्ष के भीतर India‑Chile CEPA को समाप्त करने के लक्ष्य को पुनः पुष्टि की।
- Ministry of Commerce and Industry ने एक "संतुलित और पारस्परिक लाभकारी" ढांचे पर ज़ोर दिया।
- FY 2025‑26 के व्यापार डेटा दर्शाते हैं कि Indian निर्यात Chile को $1.2 billion (5.8 % वृद्धि) और आयात $5 billion (93 % वृद्धि) हैं।
- दोनों सरकारों ने Global South के सदस्य के रूप में साझा पहचान और एक सामान्य रणनीतिक दृष्टिकोण को उजागर किया।
- गहरी सहयोग के संभावित क्षेत्रों में स्वास्थ्य देखभाल, फार्मास्यूटिकल्स, ऊर्जा, खनिज, कृषि, मशीनरी और इंजीनियरिंग शामिल हैं।
महत्वपूर्ण तथ्य
वार्तालाप May 2025 में 8 May 2025 को Terms of Reference पर हस्ताक्षर करने के बाद शुरू हुए। 26 August 2026 की नवीनतम बैठक ने दोनों पक्षों के व्यवसायों के लिए "समान और व्यावसायिक रूप से सार्थक परिणाम" प्रदान करने वाले व्यापार समझौते के प्रति India की प्रतिबद्धता को पुनः पुष्टि की।
UPSC प्रासंगिकता
CEPA जैसे द्विपक्षीय व्यापार समझौतों को समझना GS III (Economy) के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है क्योंकि यह India की निर्यात बाजारों को विविधित करने और आवश्यक आयात को सुरक्षित करने की रणनीति को दर्शाता है। Commerce Secretary की भूमिका विदेशी आर्थिक नीति के पीछे की नौकरशाही तंत्र को प्रदर्शित करती है, जो GS II (Polity) का एक प्रमुख विषय है। Global South का उल्लेख अंतर्राष्ट्रीय व्यापार वार्ताओं में India की कूटनीतिक स्थिति को उजागर करता है।
आगे का रास्ता
शीर्षक: India‑Chile CEPA 2026: भारत की अर्थव्यवस्था के लिए एक संतुलित South‑South व्यापार बूस्ट