On 28 August 2026, the Indian government ने United States के साथ LOA पर हस्ताक्षर किए ताकि Javelin मिसाइलें को FMS मार्ग के माध्यम से खरीदा जा सके। यह डील Major Defence Partnership का हिस्सा है और Operation Sindoor द्वारा उजागर क्षमता अंतराल का जवाब देती है।
मुख्य विकास
- India ने emergency procurement framework के तहत Javelin सिस्टम का ग्राहक बन गया।
- खरीद को प्रत्येक उपकरण वर्ग के लिए अधिकतम ₹300 crore तक सीमित किया गया है, जैसा कि EP‑6 प्रावधान द्वारा अनुमति दी गई है।
- डिलीवरी 2026‑27 वित्तीय वर्ष के अंत तक शुरू होने की योजना है।
- U.S. Embassy ने बताया कि LOA सह‑उत्पादन और गहरी औद्योगिक सहयोग के अवसर खोल देगा।
महत्वपूर्ण तथ्य
यह Javelin सिस्टम Javelin Joint Venture, जो RTX और Lockheed Martin की साझेदारी है, द्वारा निर्मित किया जाता है। इसमें fire‑and‑forget क्षमता है, जिससे ऑपरेटर लॉन्च के तुरंत बाद स्थान बदल सकता है। यह सिस्टम पहले से ही U.S. Army, Marine Corps और कई सहयोगी देशों में सेवा में है।
Emergency procurement powers के तहत, Indian armed forces त्वरित खरीदारी कर सकते हैं ताकि तात्कालिक ऑपरेशनल अंतराल को दूर किया जा सके। वर्तमान खरीदारी Operation Sindoor के दौरान उजागर anti‑armour हथियारों की कमी का सीधा जवाब है।