अवलोकन
The Ministry of Home Affairs (MHA) ने कैदीों के रिमिशन संबंधी राजसभा प्रश्न का उत्तर दिया। इसने पुष्टि की कि Article 72 के तहत कोई केस मंत्रालय के पास लंबित नहीं है, और दोहराया कि रिमिशन निर्णय संबंधित राज्यों और Union Territories के पास हैं।
मुख्य विकास
- नवीनतम जेल डेटा National Crime Records Bureau (NCRB) द्वारा संकलित किया जाता है और वर्ष 2023 के लिए “Prison Statistics India” में प्रकाशित किया गया है।
- Article 72 के तहत कोई लंबित रिमिशन केस MHA को नहीं भेजा गया है।
- जेल प्रशासन State List विषय है; इसलिए, राज्य/UT अपने कानूनों के अनुसार रिमिशन तय करते हैं।
- MHA ने Model Prison Manual 2016 तैयार किया, जिसमें रिमिशन पर एक समर्पित अध्याय शामिल है और इसे मई 2016 में सभी राज्यों और UTs के साथ साझा किया गया।
- NCT Delhi का Sentence Review Board ने एक केस में रिमिशन की सिफारिश की है, लेकिन यह MHA के पास लंबित नहीं है।
महत्वपूर्ण तथ्य
• NCRB की वार्षिक “Prison Statistics India” रिपोर्ट जेल डेटा का एकमात्र केंद्रित स्रोत है; हालांकि, यह रिमिशन केसों पर अलग डेटाबेस नहीं रखती।
• जेलों के लिए संवैधानिक अधिकार राज्य और Union Territories (Entry 4, List II, Seventh Schedule) के पास है।
• Model Prison Manual 2016 समान दिशानिर्देश प्रदान करता है, लेकिन कार्यान्वयन व्यक्तिगत राज्य सरकारों के विवेक पर निर्भर है।
UPSC प्रासंगिकता
Understanding the division of powers