Supreme Court ने 2026 के Vande Mataram कानून की समीक्षा
2026 में Union Home Ministry ने आदेश जारी किए कि सभी छह पद्यांशों वाले Vande Mataram को आधिकारिक समारोहों में अनिवार्य किया जाए और इसे National Anthem से ऊपर रखा गया। Prevention of Insults to National Honour Act, 1971 में संशोधन किया गया जिससे छह‑पद्यांश संस्करण के गायन को रोकना या बाधित करना तीन वर्ष तक की जेल की सजा योग्य हो गया।
मुख्य विकास
- जनवरी 2026 – Home Ministry का आदेश: सभी छह पद्यांशों वाले Vande Mataram को आधिकारिक कार्यक्रमों में प्रस्तुत किया जाना चाहिए, और उपस्थित लोगों को खड़े होकर ध्यान देना होगा।
- जुलाई 2026 – दूसरा आदेश छह‑पद्यांश पाठ को “आधिकारिक संस्करण” घोषित करता है और प्रोटोकॉल में इसे राष्ट्रगान से पहले रखता है।
- Prevention of Insults to National Honour Act, 1971 में संशोधन से National Song पहली बार आपराधिक कानून में शामिल हो गया।
- 22 सितंबर 2026 – Supreme Court ने कर्नाटक संगीतकार T.M. Krishna द्वारा आदेशों को चुनौती देने वाली याचिका की सुनवाई की। कोर्ट ने अभी तक निर्णय नहीं दिया है लेकिन सरकार से उत्तर देने को कहा है।
- जस्टिस Joymalya Bagchi के टिप्पणी से संकेत मिलता है कि एक अंतःकरणीय विरोधी जो सम्मानपूर्वक खड़ा रहता है लेकिन गाता नहीं है, उसे आपराधिक दायित्व नहीं उठाना चाहिए, जो पहले के Bijoe Emmanuel निर्णय में धार्मिक स्वतंत्रता के संदर्भ में कहा गया था।
महत्वपूर्ण तथ्य
मूल कविता में दो पद्यांश 1875 में लिखे गए थे और चार अतिरिक्त पद्यांश बाद में उपन्यास Anandamath में जोड़े गए। 1937 में कांग्रेस कार्य समिति ने आपत्तियों के बाद सार्वजनिक सभाओं के लिए केवल पहले दो पद्यांश अपनाए।