Supreme Court ने विवाहित बेटियों के लिए करुणामय नियुक्तियों का विस्तार किया, लिंग समानता को सुदृढ़ किया
करुणामय नियुक्ति योजनाएं मृत सरकारी डीलर के रिश्तेदारों को व्यापार जारी रखने की अनुमति देती हैं ताकि कठिनाई से बचा जा सके। Supreme Court ने कहा कि वैवाहिक स्थिति को बेटी को अस्वीकार करने का आधार नहीं बनाया जा सकता, क्योंकि यह समानता और गैर‑भेदभाव के संविधानिक गारंटी का उल्लंघन करता है, जिससे polity (Article 14 & 15) को कल्याण नीति कार्यान्वयन से जोड़ा गया है।
GS 2 – Polity: चर्चा करें कि यह निर्णय संविधानिक समानता को कैसे सुदृढ़ करता है और राज्य कल्याण योजनाओं को कैसे पुनः आकार देता है। संभावित प्रश्न: “हाल के Supreme Court निर्णयों का राज्य नीतियों में लिंग‑पक्षपाती प्रावधानों पर क्या प्रभाव है, इसका मूल्यांकन करें।”
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राजनीति – न्यायिक समीक्षा एवं कल्याण योजनाएँ
राजनीति – लिंग न्याय एवं न्यायिक सक्रियता
Supreme Court ने विवाहित बेटियों के लिए करुणामय नियुक्तियों का विस्तार किया, लिंग समानता को सुदृढ़ किया
करुणामय नियुक्ति योजनाएं मृत सरकारी डीलर के रिश्तेदारों को व्यापार जारी रखने की अनुमति देती हैं ताकि कठिनाई से बचा जा सके। Supreme Court ने कहा कि वैवाहिक स्थिति को बेटी को अस्वीकार करने का आधार नहीं बनाया जा सकता, क्योंकि यह समानता और गैर‑भेदभाव के संविधानिक गारंटी का उल्लंघन करता है, जिससे polity (Article 14 & 15) को कल्याण नीति कार्यान्वयन से जोड़ा गया है।
GS 2 – Polity: चर्चा करें कि यह निर्णय संविधानिक समानता को कैसे सुदृढ़ करता है और राज्य कल्याण योजनाओं को कैसे पुनः आकार देता है। संभावित प्रश्न: “हाल के Supreme Court निर्णयों का राज्य नीतियों में लिंग‑पक्षपाती प्रावधानों पर क्या प्रभाव है, इसका मूल्यांकन करें।”