AI‑संचालित आपदा प्रबंधन पोस्ट‑डिजास्टर मैनेजमेंट (अमेंडमेंट) एक्ट, 2025 – प्रमुख पहल और संस्थागत भूमिकाएँ
The Disaster Management (Amendment) Act, 2025 ने तकनीक‑केंद्रित दृष्टिकोण को पूरे आपदा प्रबंधन चक्र में तेज किया है – तैयारियों से लेकर शमन तक। केंद्रीय एजेंसियां अब AI और ML उपकरणों को पूर्वानुमान, जोखिम मानचित्रण और निर्णय समर्थन में एम्बेड कर रही हैं।
Key Developments (Bullet Points)
- National Disaster Database – जोखिम मूल्यांकन, शमन योजनाओं और रियल‑टाइम आपदा डेटा का एकीकृत भंडार, जो 2025 संशोधन द्वारा अनिवार्य किया गया है।
- AI‑enabled weather forecasting – IMD अब सात‑दिन की भविष्यवाणियों के लिए AI/ML मॉडल का उपयोग करता है, जिसमें बाढ़ सिमुलेशन और चक्रवात ट्रैकिंग शामिल है, जो Mission Mausam के तहत है।
- Web‑DCRA & DSS tool – एक वेब‑आधारित डायनामिक कॉम्पोजिट रिस्क एटलस और डिसीजन सपोर्ट सिस्टम, जो NDMA द्वारा विकसित किया गया है, और साइक्लोन बिपरजॉय और माइचुंग के दौरान सफलतापूर्वक उपयोग किया गया।
- Flood Hazard Atlas – National Remote Sensing Centre (NRSC) द्वारा बाढ़‑प्रवण राज्यों (जैसे West Bengal, Bihar) और कम प्रभावित राज्यों के लिए बनाया गया, जो उच्च‑रिज़ॉल्यूशन बाढ़ जोखिम लेयर प्रदान करता है।
- AI‑based flood forecasting by CWC – Central Water Commission ने 2025 में पायलट AI/ML शॉर्ट‑रेंज बाढ़ मॉडल लॉन्च किए और अब अपने पोर्टल aff.india-water.gov.in पर सात‑दिन की सलाहकार भविष्यवाणियाँ प्रदान करता है।
- Avalanche forecasting by DRDO – Defence Research and Development Organisation AI‑संचालित हिमस्खलन जोखिम पूर्वानुमान, नियंत्रण संरचनाओं और एक ...
