Overview
फसल अवशेष जलाना, विशेष रूप से धान की भूसी, NCR में, सर्दियों में वायु प्रदूषण स्तर को बढ़ा देता है। इसे संबोधित करने के लिए, Ministry of Environment, Forest and Climate Change (MoEFCC) ने निगरानी, वित्तीय प्रोत्साहन और प्रवर्तन को शामिल करते हुए एक व्यापक प्रतिक्रिया प्रस्तुत की।
Key Developments
- अग्नि घटनाओं की उपग्रह‑आधारित निगरानी CREAMS protocol के तहत की जाती है।
- Crop Residue Management (CRM) योजना किसानों को अवशेष‑प्रबंधन मशीनरी खरीदने पर 50% सब्सिडी और ग्रामीण उद्यमियों एवं किसान समूहों को Custom Hiring Centres (CHCs) स्थापित करने पर 80% सब्सिडी प्रदान करती है। बड़े सप्लाई‑चेन प्रोजेक्ट्स के लिए अधिकतम 65% (अधिकतम Rs 1.50 crore) समर्थन उपलब्ध है।
- 2018‑19 से 2025‑26 तक, **Rs 4,237.47 crore** जारी किए गए, **3.53 लाख मशीनें** वितरित की गईं और **43,535 CHCs** स्थापित किए गए।
- Commission for Air Quality Management (CAQM) ने कई दिशानिर्देश जारी किए (जैसे, किराए‑मुक्त CRM मशीनें, ईंट भट्टियों में बायोमास पेललेट का अनिवार्य उपयोग, जिला अधिकारियों के लिए प्रवर्तन अधिकार)।
- MoEFCC की Rules, 2023 थर्मल प्लांटों को 5‑10% बायोमास पेललेट को को‑फायर करने का निर्देश देती है, और गैर‑अनुपालन पर दंड निर्धारित करती है।
- CPCB