Overview
The Department of Expenditure ने एक D.O. पत्र 09 January 2026 को सभी राज्यों के Chief Secretaries of all States को जारी किया। यह पत्र एक advisory, न कि directive, है, जिसमें राज्यों से अनुरोध किया गया है कि वे अपनी कृषि बोनस योजनाओं को pulses, oilseeds और millets को बढ़ावा देने के राष्ट्रीय लक्ष्य के साथ संरेखित करें। यह कदम पोषण सुरक्षा, Aatmanirbharta, और सतत कृषि को सुदृढ़ करने का उद्देश्य रखता है।
Key Developments
- राज्यों से अनुरोध किया गया है कि वे बोनस नीतियों को संशोधित करें जो वर्तमान में wheat और paddy को विविध फसलों के ऊपर प्राथमिकता देती हैं।
- सलाहकार उत्तर भारत में मोनोकल्चर को कम करने और फसल विविधीकरण को बढ़ावा देने की आवश्यकता पर ज़ोर देती है।
- यह मौजूदा केंद्रीय योजनाओं जैसे National Mission on Edible Oils और Economic Survey 2025‑26 के साथ संरेखित है, जो खाद्य तेलों पर आयात निर्भरता में गिरावट की रिपोर्ट करती हैं।
Important Facts
- खाद्य तेल पर आयात निर्भरता 63.2 % (2015‑16) से घटकर 56.25 % (2023‑24) हो गई।
- तेलबीज के तहत क्षेत्रफल 18 % बढ़ा, उत्पादन 55 % और उत्पादकता 31 % 2014‑15 और 2024‑25 के बीच।
- Under PM‑KISAN, 9 crore किसान प्रति वर्ष Rs 6,000 की नकद सहायता प्राप्त करते हैं।
- अन्य किसान‑केंद्रित योजनाओं में PM Fasal Bima Yojana शामिल है — एक फसल‑बीमा योजना जो प्राकृतिक आपदाओं के कारण होने वाले नुकसान से किसानों की रक्षा करती है (GS3: Econom
