अवलोकन
On 3 July 2026, the ISRO ने SOLVE सॉलिड मोटर का static‑fire परीक्षण Static Test Facility, Sriharikota पर सफलतापूर्वक किया। यह परीक्षण क्रू वाले Gaganyaan मिशन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
मुख्य विकास
- SOLVE एक सॉलिड मोटर का उपयोग करता है जो PSLV स्ट्रैप‑ऑन मोटर से प्राप्त है, जिसे धीमी‑ज्वाला प्रोपेलेंट और द्वितीयक इंजेक्शन थ्रस्ट‑वेक्टर नियंत्रण वाले सीधी नोज़ल के साथ संशोधित किया गया है।
- वाहन एक डमी क्रू मॉड्यूल को 10‑17 km की ऊँचाई तक उठाएगा, फिर पैराशूट तैनाती के लिए इसे अलग करेगा।
- दस पैराशूट (दो एपेक्स कवर, दो ड्रोग्यू, तीन पायलट, तीन मेन) क्रमिक रूप से रिलीज़ किए जाएंगे ताकि कम वेग वाला स्प्लैश‑डाउन प्राप्त हो सके।
- सफल परीक्षण parachute‑based deceleration system को गगनयान के लिए मान्य करता है।
महत्वपूर्ण तथ्य
गगनयान मिशन तीन चरणों में विभाजित है: आरोहण, कक्षा, और अवतरण। आरोहण चरण मानव‑रेटेड लॉन्च वाहन का उपयोग करके कक्षा मॉड्यूल (क्रू + सर्विस मॉड्यूल) को लो अर्थ कक्षा में स्थापित करता है। अवतरण चरण पैराशूटों की श्रृंखला पर निर्भर करता है जिससे touchdown गति घटे और क्रू की सुरक्षा सुनिश्चित हो। पहले, ISRO ने दो IADT परीक्षण किए, जहाँ ~3 km की ऊँचाई से हेलिकॉप्टर से डमी मॉड्यूल गिराया गया। SOLVE इसको उच्च ऊँचाइयों (10‑17 km) से परीक्षण करके वास्तविक मिशन स्थितियों के करीब ले जाता है।
UPSC प्रासंगिकता
SOLVE और गगनयान को समझना उम्मीदवारों को GS‑3 (Science & Technology) और GS‑2 (Polity) में मदद करता है जहाँ अंतरिक्ष नीति, स्वदेशी प्रौद्योगिकी विकास, और अंतरराष्ट्रीय
Headline: ISRO का SOLVE परीक्षण भारत के क्रू वाले गगनयान मिशन के लिए एक प्रमुख बाधा को दूर करता है, स्वनिर्भर अंतरिक्ष क्षमता को बढ़ाता है।
AI Summary: 3 July 2026 को ISRO का SOLVE सॉलिड‑मोटर परीक्षण ने गगनयान क्रू मॉड्यूल के लिए पैराशूट‑आधारित मंदी प्रणाली को सफलतापूर्वक प्रदर्शित किया, जिससे भारत अपनी पहली क्रू वाली अंतरिक्ष उड़ान के करीब पहुंच गया। UPSC अभ्यर्थियों के लिए, यह भारत की स्वनिर्भर मानव‑अंतरिक्ष उड़ान क्षमता और विज्ञान‑प्रौद्योगिकी नीति तथा राष्ट्रीय सुरक्षा के साथ इसकी प्रासंगिकता को उजागर करता है।
Context: भारत का गगनयान कार्यक्रम तीन अंतरिक्ष यात्रियों को लो‑अर्थ कक्षा में भेजने और उन्हें सुरक्षित रूप से वापस लाने का लक्ष्य रखता है। पैराशूट मंदी प्रणाली अवतरण चरण का एक महत्वपूर्ण घटक है, जो प्रौद्योगिकी विकास को राष्ट्र की स्वनिर्भरता और सुरक्षा लक्ष्यों से GS‑3 पाठ्यक्रम के तहत जोड़ती है।
Mains angle: एक मुख्य उत्तर (GS‑3) में, चर्चा करें कि SOLVE परीक्षण कैसे भारत की स्वदेशी मानव‑अंतरिक्ष उड़ान क्षमता की दिशा को दर्शाता है और इसका वैज्ञानिक स्वनिर्भरता, राष्ट्रीय सुरक्षा और अंतरराष्ट्रीय सहयोग पर क्या प्रभाव पड़ता है।