Overview
Congress पार्टी ने June 21, 2026 को यह आग्रह किया कि right to vote को fundamental right घोषित किया जाए। यह कदम Election Commission of India के कथित पक्षपाती कार्यों और SIR प्रक्रिया के तहत बड़े पैमाने पर मतदाता अयोग्यताओं के खिलाफ एक सुरक्षा उपाय के रूप में प्रस्तुत किया गया है।
Key Developments
- Congress नेता Jairam Ramesh ने Prime Minister और Home Minister के आदेश पर काम करने वाले ECI के “स्पष्ट रूप से पक्षपाती कार्य” को उजागर किया।
- Supreme Court ने June 19, 2026 को डिमार्केटेड फुटपाथ पर चलने के अधिकार को fundamental right घोषित किया, जिससे मतदान पर समान सुरक्षा प्रदान करने की मांगें उठीं।
- ऐतिहासिक अभिलेख दर्शाते हैं कि Constituent Assembly ने मतदान को मौलिक अधिकार बनाने पर बहस की थी, जिसमें Dr. Ambedkar जैसे नेताओं ने इसका समर्थन किया।
- Justice Ajay Rastogi ने (March 2023) अपने असहमति राय में भी मतदान को मौलिक अधिकार माना।
Important Facts
संविधान पहले से ही Article 326 के तहत सार्वभौमिक वयस्क मताधिकार की गारंटी देता है। हालांकि, मतदान वर्तमान में Representation of People Act, 1951 द्वारा नियमन किया जाता है, जो एक वैधानिक प्रावधान है। Supreme Court ने संबंधित अधिकारों को मान्यता दी है—suc