समीक्षा
Pakistan ने चेतावनी दी है कि India द्वारा Chenab River पर घोषित दो नदी परियोजनाएँ पानी को “weaponise” करेंगी और Indus Water Treaty का उल्लंघन करेंगी। यह बयान Pakistan के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Tahir Andrabi द्वारा 4 June 2026 को दिया गया।
मुख्य विकास
- India ने Chenab पानी को Beas बेसिन में मोड़ने के लिए एक टनल परियोजना की घोषणा की, और Salal Power Station पर तलछट हटाने का कार्य किया।
- Pakistan कहता है कि परियोजनाएँ बिना किसी परामर्श के शुरू की गईं और यह संधि को कमजोर कर देंगी।
- India ने Hague‑आधारित Court of Arbitration के 15 May के निर्णय को अस्वीकार किया, इसे “illegally constituted” कहा।
- Pakistan ने चेतावनी दी कि पानी के प्रवाह में कोई भी एकतरफा परिवर्तन “act of war” माना जा सकता है और इसने कहा कि वह अपने राष्ट्रीय हित की रक्षा के लिए सभी विकल्प रखता है।
महत्वपूर्ण तथ्य
- दोनों परियोजनाएँ 2026 में अलग‑अलग India द्वारा घोषित की गईं, जब New Delhi ने 2025 के कश्मीर हमले के बाद संधि में अपनी भागीदारी निलंबित कर दी थी।
- Pakistan की जनसंख्या लगभग 250 मिलियन है, जो कृषि पर अत्यधिक निर्भर है जो Indus प्रणाली से पानी लेती है।
- दोनों देशों ने 1947 के बाद से तीन युद्ध लड़े हैं; जल संधि ने सभी को झेला है।
- India की National Hydroelectric Power Corporation ने मई 2026 में टनल परियोजना के लिए टेंडर जारी किया।
UPSC प्रासंगिकता
इस विवाद को समझना GS 2 (अंतरराष्ट्रीय संबंध) और GS 3 (जल संसाधन, कृषि, और पर्यावरण) के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। यह मुद्दा दर्शाता है कि प्राकृतिक संसाधन कैसे रणनीतिक उपकरण बनते हैं, द्विपक्षीय संधियों की भूमिका, और जलवायु परिवर्तन का Indo‑Pak संबंधों पर प्रभाव। यह Court of Arbitration जैसे कूटनीतिक तंत्र के महत्व को भी उजागर करता है।