US‑Israel संयुक्त हवाई हमले इरान पर – ऑपरेशन ‘Lion’s Roar’, ‘Epic Fury’ और क्षेत्रीय परिणाम (28 फ़रवरी 2026)
28 फ़रवरी 2026 को, US और Israel ने इरान के खिलाफ संयुक्त हवाई हमले—ऑपरेशन ‘Lion’s Roar’ और ‘Epic Fury’—शुरू किए, जिससे इरानी मिसाइल प्रतिशोध और स्ट्रेट ऑफ़ हॉरमुज़ का अस्थायी बंद होना हुआ। यह संघर्ष क्षेत्रीय ऊर्जा सुरक्षा को खतरे में डालता है, भारत के चाबहार‑INSTC कॉरिडोर को बाधित करता है, और Israel की Begin नीति तथा इरान की Axis of Resistance जैसी नीतियों को उजागर करता है, जो सभी UPSC तैयारी के लिए महत्वपूर्ण विषय हैं।
Overview United States और Israel ने इरान के खिलाफ समन्वित हवाई हमले 28 February 2026 को शुरू किए, जो तेज़ी से बढ़ते संघर्ष के तीसरे दिन को दर्शाता है। इन हमलों ने इरान की परमाणु‑संबंधित सुविधाओं और प्रमुख शहरों को लक्षित किया, जिससे Israeli और US बेसों पर प्रतिशोधी मिसाइल लॉन्च हुए, Strait of Hormuz के माध्यम से तेल प्रवाह में बाधा आई, और भारत के INSTC के लिए सुरक्षा चिंताएँ बढ़ीं। यह घटना रणनीतिक नीतियों, क्षेत्रीय गठबंधनों और वैश्विक ऊर्जा सुरक्षा के आपसी संबंध को उजागर करती है। Key Developments Operation ‘Lion’s Roar’ : Israel के दिन के समय के हमले ने Tehran और कई इरानी शहरों, जिसमें Isfahan शामिल हैं, को लक्षित किया, जिसे Prime Minister Benjamin Netanyahu ने संयुक्त US‑Israel ऑपरेशन के रूप में घोषित किया। Operation “Epic Fury” : US President Donald Trump ने US की भागीदारी की पुष्टि की, इन हमलों को “इरान में प्रमुख युद्ध संचालन” के रूप में लेबल किया और इरान की परमाणु महत्वाकांक्षाओं के खिलाफ US की स्थिति को दोहराया। Operation ‘True Promise 4’ : इरान ने Tel Aviv और US संपत्तियों पर मिसाइल हमले किए, साथ ही US‑संबद्ध गलीफ़ राज्यों – UAE, Bahrain, Kuwait और Qatar को भी लक्ष्य बनाया। Strait of Hormuz Closure : IRGC ने जहाज़ों को चेतावनी दी कि स्ट्रेट बंद है, जिससे वैश्विक तेल और LNG शिपमेंट के लिए एक बाधा उत्पन्न हो रही है। Begin Doctrine : Israel की नीति कि यदि प्रतिद्वंद्वी के पास बड़े पैमाने पर विनाश के हथियार हैं, तो पूर्व-आक्रमण उचित है। Impact on India : यह संघर्ष Chabahar Port और व्यापक INSTC को खतरे में डालता है, जो दोनों भारत के व्यापार विविधीकरण के लिए महत्वपूर्ण हैं। Axis of Resistance : इरान‑समर्थित समूह – Hezbollah, Hamas, PIJ और Houthis – ने समर्थन का वचन दिया है, जिससे भू‑राजनीतिक दांव बढ़ गए हैं। Important Facts इन हमलों ने इरान की बैलिस्टिक‑मिसाइल बुनियादी ढाँचा Isfahan में और Kenarak में नौसैनिक सुविधाओं को महत्वपूर्ण क्षति पहुंचाई। इरानी मिसाइलों ने Tel Aviv के आवासीय क्षेत्रों को मारा, जिससे नागरिक हताहत बढ़े।
Quick Reference
Key Insight
US‑Israel की इरान पर हवाई हमले (28 फ़रवरी 2026) ऊर्जा मार्गों को खतरे में डालते हैं और भारत की रणनीतिक गणना को पुनः आकार देते हैं।
Key Facts
- 28 फ़रवरी 2026: US और Israel ने इरान पर समन्वित हवाई हमले शुरू किए – ऑपरेशन ‘Lion’s Roar’ (Israel) और ‘Epic Fury’ (US)।
- मुख्य लक्ष्य: तेहरान में इरान की परमाणु‑संबंधी सुविधाएँ, इस्फ़हान का बैलिस्टिक‑मिसाइल उत्पादन परिसर, और केनारक में नौसैनिक अड्डा।
- इरान की प्रतिक्रिया – ऑपरेशन ‘True Promise 4’ – टेल अविव और US‑संबंधित खाड़ी देशों (UAE, Bahrain, Kuwait, Qatar) को मिसाइल सलवो से हिट किया।
- IRGC ने हॉर्मुज जलडमरूमध्य का अस्थायी बंद घोषित किया, जिससे वैश्विक तेल शिपमेंट का लगभग 22 % बाधित हुआ।
- भारत पर संभावित प्रभाव: चाबहार पोर्ट की सुरक्षा और International North‑South Transport Corridor (INSTC) को खतरा।
- उल्लेखित रणनीतिक सिद्धांत: Israel का ‘Begin Doctrine’ (WMD‑धारक विरोधियों पर प्री‑एम्प्टिव स्ट्राइक) और इरान का ‘Axis of Resistance’ जो Hezbollah, Hamas, PIJ, Houthis को समर्थन देता है।
- US के राष्ट्रपति Donald Trump ने इस ऑपरेशन को इरान की परमाणु महत्वाकांक्षाओं के खिलाफ एक निर्णायक कदम के रूप में प्रस्तुत किया, US निरस्त्रीकरण नीति को पुनः पुष्टि की।
Background
ये हमले US‑Israel‑Iran प्रतिद्वंद्विता में तीव्र वृद्धि का संकेत देते हैं, जिसमें परमाणु निरस्त्रीकरण, ऊर्जा सुरक्षा और क्षेत्रीय शक्ति संतुलन आपस में जुड़े हैं। भारत के लिए, हॉर्मुज जलडमरूमध्य का व्यवधान और INSTC को खतरा ऊर्जा आयात विविधीकरण और विदेश नीति में रणनीतिक स्वायत्तता के बारे में चिंताएँ उत्पन्न करता है।
UPSC Syllabus
- Prelims_GS — Constitution and Political System
Mains Angle
GS 2 – अंतर्राष्ट्रीय संबंध: विश्लेषण करें कि US‑Israel का संयुक्त ऑपरेशन और इरान की प्रतिक्रिया मध्य‑पूर्व सुरक्षा संरचना को कैसे पुनः आकार देती है और भारत के ऊर्जा एवं व्यापार मार्गों को कैसे प्रभावित करती है। संभावित प्रश्न: ‘2026 के US‑Israel इरान पर हवाई हमलों के भारत की रणनीतिक और ऊर्जा हितों पर प्रभावों का मूल्यांकन करें।’