Western Ghats में Neelakurinji को खतरा
JNTBGRI ने NGT को एक विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत की है, जिसमें बताया गया है कि Strobilanthes kunthiana, जिसे आमतौर पर Neelakurinji कहा जाता है, गंभीर खतरे का सामना कर रहा है। यह झाड़ी, जो Western Ghats का मूल निवासी है, केवल बारह वर्षों में एक बार खिलती है, जिससे इसका संरक्षण अत्यंत महत्वपूर्ण हो जाता है।
मुख्य विकास
- NGT के न्यू दिल्ली में स्थित Principal Bench ने suo motu रूप में “Neelkurinji becomes a ‘threatened species’, officially” शीर्षक वाली मीडिया रिपोर्ट को मान्यता दी, जो The Hindu में प्रकाशित हुई।
- ट्रिब्यूनल ने JNTBGRI को झाड़ी पर एक व्यापक स्थिति और संरक्षण रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया।
- रिपोर्ट ने अनियंत्रित पर्यटन और बुनियादी ढाँचे के विस्तार से उत्पन्न स्वदेशी प्रजातियों के दबाव को मुख्य खतरे के रूप में पहचाना।
महत्वपूर्ण तथ्य
Neelakurinji के चमकीले बैंगनी फूल हर बारह वर्षों में एक मौसमी दृश्य प्रस्तुत करते हैं, जो पूरे देश से पर्यटकों को आकर्षित करते हैं। हालांकि, आगंतुकों की संख्या में तेज़ वृद्धि, साथ ही सड़क निर्माण और निर्माण कार्यों ने आवास का टुकड़ाव, मिट्टी का क्षरण और पौधे के प्राकृतिक पुनर्जनन चक्र में बाधा उत्पन्न की है।
JNTBGRI की रिपोर्ट वैज्ञानिक‑आधारित प्रबंधन योजना की आवश्यकता पर ज़ोर देती है, जो पारिस्थितिक संवेदनशीलता को स्थानीय आजीविका संबंधी चिंताओं के साथ संतुलित करे।
UPSC प्रासंगिकता
यह घटना UPSC पाठ्यक्रम में दोहराए जाने वाले कई विषयों को उजागर करती है:
- पर्यावरण शासन: NGT की भूमिका दर्शाती है
